पीलीभीत। केंद्रीय राज्यमंत्री, वाणिज्य एवं उद्योग, इलेक्ट्रॉनिकी और सूचना प्रौद्योगिकी भारत सरकार जितिन प्रसाद ने जिला चिकित्सालय (स्वशासी राज्य चिकित्सा महाविद्यालय) परिसर में देश के 109वें ‘प्रधानमंत्री दिव्याशा वयोश्री केंद्र’ का वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से वर्चुअल उद्घाटन किया। भारत सरकार के सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय द्वारा संचालित इस केंद्र के माध्यम से एडिप योजना के तहत दिव्यांगजनों और राष्ट्रीय वयोश्री योजना के तहत वरिष्ठ नागरिकों को नि:शुल्क कृत्रिम अंग तथा आधुनिक सहायक उपकरण प्रदान किए जाएंगे। उद्घाटन समारोह के दौरान 18 दिव्यांगजनों को मोटराइज्ड ट्राइसाइकिलें भी वितरित की गईं।

इस अवसर पर मुख्य अतिथि केंद्रीय राज्यमंत्री ने बताया कि इस केंद्र की स्थापना से एलिम्को के माध्यम से क्षेत्रीय स्तर पर ही दिव्यांगजनों व वरिष्ठ नागरिकों को पारदर्शिता और सुलभता से सहायक उपकरण मिल सकेंगे, जिससे उनका दैनिक जीवन अधिक सुविधाजनक और आत्मनिर्भर बनेगा। केंद्र में उन्नत प्रोस्थेटिक व ऑर्थोटिक प्रयोगशाला और आधुनिक ऑडियो रूम स्थापित किया गया है, जहाँ कस्टमाइज्ड कृत्रिम अंग और डिजिटल बीटीई श्रवण यंत्र उपलब्ध कराए जाएंगे तथा उपकरण वितरण के बाद मरम्मत सुविधा भी मिलेगी। इसके अलावा, पीलीभीत में युवाओं के लिए निलिट एक्सटेंशन सेंटर, किसानों के लिए एपीेड़ा का बासमती व जैविक कृषि प्रशिक्षण केंद्र, हॉकी एस्ट्रोटर्फ और रेल-सड़क कनेक्टिविटी जैसे चौमुखी विकास कार्यों पर जोर दिया जा रहा है।

समारोह में जिलाधिकारी ज्ञानेंद्र सिंह ने जानकारी दी कि जनपद की सभी ग्राम पंचायतों में दिव्यांगजनों और वरिष्ठजनों के चिंहांकन हेतु जल्द ही विकास खंडवार शिविर आयोजित किए जाएंगे। जिला दिव्यांगजन सशक्तिकरण अधिकारी ने बताया कि एलिम्को द्वारा पूर्व परीक्षण शिविरों में 2,202 लाभार्थियों का कुल 11,280 उपकरणों के लिए चिंहांकन किया जा चुका है, जिन्हें शीघ्र ही वितरण शिविर लगाकर उपकरण सौंपे जाएंगे। कार्यक्रम में भाजपा जिलाध्यक्ष गोकुल प्रसाद मौर्य, पूरनपुर विधायक बाबूराम पासवान, मुख्य विकास अधिकारी सतीश प्रसाद मिश्र, चिकित्सा महाविद्यालय के प्रधानाचार्य अमित कुमार, जिला दिव्यांगजन सशक्तिकरण अधिकारी सुरेश चंद्र मौर्य और एलिम्को के अधिकारी उपस्थित रहे।