सहारनपुर। उत्तर प्रदेश के सहारनपुर जिले में स्थित सुप्रसिद्ध सिद्धपीठ माँ शाकंभरी देवी क्षेत्र में अचानक आई सैलाब (बाढ़) त्रासदी को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बेहद गंभीर हैं। इस आपदा से हुई तबाही का जायजा लेने और प्रशासनिक मुस्तैदी को परखने के लिए मुख्यमंत्री आज सोमवार को खुद सहारनपुर के ग्राउंड जीरो पर पहुंच रहे हैं। मुख्यमंत्री के इस औचक और महत्वपूर्ण दौरे को लेकर जिला प्रशासन और पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है।
दोपहर 3:30 बजे सिद्धपीठ पहुंचेंगे मुख्यमंत्री
तय कार्यक्रम के मुताबिक, मुख्यमंत्री आज दोपहर ठीक 3:30 बजे माँ शाकंभरी सिद्धपीठ परिसर पहुंचेंगे। वे वहां अचानक आए पहाड़ी नदी के सैलाब से प्रभावित हुए पूरे क्षेत्र का बारीकी से निरीक्षण करेंगे। मुख्यमंत्री इस आपदा के कारण बुनियादी ढांचे, श्रद्धालुओं के मार्ग और मंदिर परिसर के आसपास हुई भारी तबाही और नुकसान का खुद अपनी आंखों से आकलन करेंगे।
श्रद्धालुओं और स्थानीय दुकानदारों से सीधे करेंगे बातचीत
अपने इस दौरे के दौरान मुख्यमंत्री केवल अधिकारियों की रिपोर्ट पर भरोसा न करके, सीधे धरातल पर पीड़ितों से मिलेंगे। वे सैलाब के दौरान वहां फंसे प्रभावित श्रद्धालुओं से बातचीत कर प्रशासनिक मदद का फीडबैक लेंगे। इसके साथ ही, सैलाब के कारण जिन स्थानीय छोटे व्यापारियों और दुकानदारों की दुकानें बह गईं या भारी नुकसान हुआ है, उनसे मिलकर उनकी समस्याओं को सुनेंगे और राहत पैकेजों को लेकर उनका फीडबैक लेंगे।
लापरवाह अधिकारियों पर गिर सकती है गाज, बड़ी कार्रवाई के संकेत
क्षेत्र का दौरा करने के बाद मुख्यमंत्री सर्किट हाउस या संबंधित स्थल पर प्रशासनिक और आपदा प्रबंधन के आला अधिकारियों के साथ एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक करेंगे। शासन के सूत्रों के मुताबिक, आपदा प्रबंधन में ढिलाई बरतने, समय पर अलर्ट न जारी करने और श्रद्धालुओं की सुरक्षा मानकों में अनदेखी करने वाले लापरवाह अधिकारियों के खिलाफ मुख्यमंत्री बेहद सख्त रुख अपना सकते हैं। कयास लगाए जा रहे हैं कि इस बैठक के बाद कुछ बड़े अधिकारियों पर गाज गिर सकती है और दोषियों के खिलाफ तत्काल निलंबन जैसी बड़ी दंडात्मक कार्रवाई के स्पष्ट संकेत मिले हैं।