सितारगंज (ऊधम सिंह नगर)। सितारगंज सिडकुल स्थित बालाजी एक्शन कंपनी में सोमवार (25 मई 2026) को दोपहर के समय एक बेहद दर्दनाक हादसा हो गया। कंपनी परिसर के भीतर काम के दौरान एक 22 वर्षीय श्रमिक की फोरक्लिफ्ट (Four-clift) वाहन की चपेट में आने से मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। इस दुखद हादसे की खबर मिलते ही मृतक के परिजनों और स्थानीय ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। आक्रोशित परिजनों ने कंपनी प्रबंधन पर सुरक्षा मानकों की अनदेखी का गंभीर आरोप लगाते हुए उप जिला अस्पताल परिसर में जमकर नारेबाजी और विरोध प्रदर्शन किया। बाद में पुलिस प्रशासन की मौजूदगी में पीड़ित परिवार और कंपनी प्रबंधन के मध्य हुए समझौते के बाद ही मामला शांत हो सका।
वाहन बैक करते समय हुआ हादसा, जूनियर ऑपरेटर ने तोड़ा दम
प्राप्त जानकारी के अनुसार, मूल रूप से अमरिया (जनपद पीलीभीत, उत्तर प्रदेश) का रहने वाला 22 वर्षीय रवि गौतम पुत्र अज्ञात, सितारगंज के पहाड़ी उकरौली गांव में किराए पर रह रहा था। वह पिछले एक साल से सिडकुल की नामचीन बालाजी एक्शन कंपनी में जूनियर ऑपरेटर के पद पर पूरी निष्ठा के साथ कार्यरत था। सोमवार को सुबह की पाली में उसकी ड्यूटी लगी थी, जो दोपहर दो बजे तक समाप्त होनी थी। करीब साढ़े ग्यारह बजे जब कंपनी परिसर के अंदर काम चल रहा था, तभी अचानक एक भारी-भरकम फोरक्लिफ्ट वाहन को बैक (पीछे) करते समय चालक की लापरवाही से रवि उसकी चपेट में आ गया। वाहन के नीचे दबने से रवि गंभीर रूप से घायल हो गया और चीख-पुकार मच गई।
अस्पताल में डॉक्टरों ने घोषित किया मृत, पूर्व विधायक ने उठाए सुरक्षा पर सवाल
हादसे के तुरंत बाद कंपनी के एचआर (एडमिन) जावेद ने आनन-फानन में सुरक्षाकर्मियों की मदद से लहूलुहान रवि को सितारगंज उप जिला अस्पताल पहुंचाया। लेकिन तब तक काफी देर हो चुकी थी; अस्पताल के डॉक्टरों ने परीक्षण के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। रवि की मौत की सूचना मिलते ही अस्पताल पहुंचे परिजनों में कोहराम मच गया। घटना से नाराज परिजनों ने कंपनी प्रबंधन के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए अस्पताल में जोरदार प्रदर्शन किया। हंगामे की सूचना पर पहुंचे क्षेत्र के पूर्व विधायक नारायण पाल और आजाद समाज पार्टी (आसपा) के वरिष्ठ नेता सत्येंद्र कुमार ने भी पीड़ित परिवार को अपना समर्थन दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि सिडकुल की कंपनियों में श्रमिकों की सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम और मानक लागू नहीं हैं, जिससे आए दिन बेकसूर मजदूरों को अपनी जान गंवानी पड़ती है।
सीओ के नेतृत्व में पुलिस ने संभाला मोर्चा, आरोपी चालक पर मुकदमा दर्ज
अस्पताल परिसर में बढ़ते तनाव और हंगामे को देखते हुए पुलिस क्षेत्राधिकारी (CO) बीएस धौनी भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस टीम ने आक्रोशित परिजनों और प्रदर्शनकारियों को समझा-बुझाकर बमुश्किल शांत कराया। इसके बाद पुलिस ने विधिक कार्यवाही करते हुए मृतक के शव का पंचनामा भरा और उसे पोस्टमार्टम के लिए खटीमा उप जिला अस्पताल भेज दिया। सीओ बीएस धौनी ने अधिकारिक तौर पर बताया कि घटना के संबंध में पीड़ित परिवार और कंपनी प्रबंधन के बीच आपसी सहमति से समझौता हो गया है। पुलिस ने परिजनों की शिकायत के आधार पर लापरवाही से वाहन चलाने वाले आरोपी फोरक्लिफ्ट चालक के खिलाफ संबंधित धाराओं में प्राथमिकी (FIR) दर्ज कर ली है और मामले में आगे की कानूनी विधिक कार्रवाई अमल में लाई जा रही है।