अयोध्या/लखनऊ। उत्तर प्रदेश के प्रशासनिक ढांचे में उस समय खलबली मच गई जब अयोध्या में तैनात जीएसटी डिप्टी कमिश्नर प्रशांत कुमार सिंह ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया। उन्होंने यह कदम शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद द्वारा मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के खिलाफ की गई टिप्पणियों के विरोध में उठाया है।
खबर के मुख्य बिंदु:
इस्तीफे की वजह: प्रशांत कुमार सिंह ने अपने दो पन्नों के त्यागपत्र में लिखा कि वह शंकराचार्य द्वारा सीएम योगी और पीएम मोदी के खिलाफ की गई “अभद्र और निराधार” टिप्पणियों से काफी आहत हैं।
“नमक का कर्ज” और नैतिकता: उन्होंने भावुक होकर कहा, “मैं जिस राज्य का नमक खाता हूँ और जिससे मेरा परिवार चलता है, उस राज्य के मुखिया का अपमान मैं बर्दाश्त नहीं कर सकता”। उन्होंने खुद को रोबोट नहीं, बल्कि भावनाओं वाला एक इंसान बताया।
पत्नी से बात करते हुए छलके आंसू: इस्तीफे के बाद प्रशांत कुमार सिंह का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें वह अपनी पत्नी को फोन पर फैसले की जानकारी देते हुए भावुक होकर रोते हुए नजर आ रहे हैं।
राज्यपाल को पत्र: उन्होंने अपना इस्तीफा सीधे राज्यपाल को भेजा है और स्पष्ट किया है कि यह फैसला उन्होंने अपनी अंतरात्मा की आवाज पर लिया है, किसी दबाव में नहीं।
प्रशासनिक हलचल: यह इस्तीफा बरेली के सिटी मजिस्ट्रेट अलंकार अग्निहोत्री द्वारा यूजीसी (UGC) नियमों और शंकराचार्य विवाद के विरोध में दिए गए इस्तीफे के ठीक एक दिन बाद आया है, जिससे राज्य में इस्तीफों का सिलसिला शुरू होने की चर्चाएं तेज हो गई हैं।
भविष्य की राह: प्रशांत कुमार सिंह ने संकेत दिया है कि वह भविष्य में समाज सेवा के माध्यम से अपनी भूमिका निभाएंगे। फिलहाल उनका इस्तीफा प्रक्रिया में है और शासन द्वारा इस पर अंतिम निर्णय लिया जाना बाकी है।