सितारगंज (ऊधम सिंह नगर)। बढ़ती महंगाई और बाजार में फल-सब्जियों के दामों में हो रही अनियंत्रित बढ़ोतरी पर अंकुश लगाने के लिए कृषि उत्पादन मंडी समिति सितारगंज ने कमर कस ली है। मंडी निदेशालय, रुद्रपुर के आदेशों का पालन करते हुए अब शहर और तहसील क्षेत्र के बाजारों में कीमतों की रोजाना निगरानी की जाएगी, ताकि आम जनता को राहत मिल सके।
दो सचल दल करेंगे औचक निरीक्षण
मंडी समिति ने बाजार में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए दो विशेष सचल दलों का गठन किया है।
- टीम की कमान: मंडी निरीक्षक राजेंद्र चंद और लेखाकार त्रिभुवन सिंह बोहरा इन टीमों का नेतृत्व करेंगे।
- कार्य: यह टीमें प्रतिदिन थोक और फुटकर बाजारों का भ्रमण करेंगी और कीमतों की समीक्षा करेंगी। यदि कोई दुकानदार निर्धारित दरों से अधिक वसूली (मुनाफाखोरी) करता पाया गया, तो उसके खिलाफ तत्काल सख्त कार्रवाई की जाएगी।
बिना लाइसेंस वाले व्यापारियों को 3 दिन का अल्टीमेटम
निरीक्षण के दौरान केवल कीमतों पर ही नहीं, बल्कि व्यापारिक नियमों पर भी जोर रहेगा। मंडी सचिव विनोद पलड़िया ने स्पष्ट किया है कि क्षेत्र में बिना लाइसेंस के व्यापार करने वालों को चिन्हित किया जा रहा है। ऐसे व्यापारियों को 3 दिन के भीतर लाइसेंस बनवाने के निर्देश दिए गए हैं। समय सीमा बीतने के बाद भी नियम उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कड़ी वैधानिक कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
दैनिक रिपोर्ट से होगी मॉनिटरिंग
बाजार में अनुशासन बनाए रखने के लिए इस पूरी कार्रवाई की दैनिक रिपोर्ट सीधे मंडी निदेशालय, रुद्रपुर को भेजी जाएगी। इस पहल का मुख्य उद्देश्य आम उपभोक्ताओं को वाजिब दरों पर ताजी सब्जियां और फल उपलब्ध कराना है, जिससे उन्हें आर्थिक शोषण से बचाया जा सके।
हमसे जुड़ें:
जनहित, बाज़ार की हकीकत और समाज के हर सटीक सच के लिए ‘आधुनिक दुनिया’ के साथ बने रहें। ताज़ा अपडेट्स के लिए हमारे न्यूज़ पोर्टल को विजिट करें व पेज को फॉलो करें।
👉 आपकी राय हमारे लिए कीमती है:
क्या आपको लगता है कि इस तरह के औचक निरीक्षण से फुटकर बाजारों में सब्जियों के दाम कम होंगे? मुनाफाखोरी रोकने के लिए और क्या कदम उठाए जाने चाहिए? अपनी राय कमेंट बॉक्स में जरूर साझा करें।
आधुनिक दुनिया: सच के साथ, प्रगति की ओर।