रुद्रप्रयाग/पौड़ी। उत्तराखंड के पहाड़ी और हिमालयी क्षेत्रों में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश और मौसम की अत्यधिक प्रतिकूल परिस्थितियों को देखते हुए प्रशासन ने एक बड़ा फैसला लिया है। गढ़वाल आयुक्त श्री आनंद स्वरूप ने श्रद्धालुओं की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए एहतियातन केदारनाथ यात्रा (Kedarnath Yatra) को कुछ समय के लिए अस्थाई रूप से रोकने के कड़े निर्देश जारी किए हैं। प्रशासन लगातार संवेदनशील पहाड़ी रास्तों और मौसम के मिजाज पर पैनी नजर बनाए हुए है।
श्रद्धालुओं की सुरक्षा हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता: गढ़वाल आयुक्त
गढ़वाल आयुक्त ने केदारनाथ यात्रा मार्ग, बेस कैंप और रुद्रप्रयाग जिला प्रशासन के आला अधिकारियों के साथ स्थिति की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि केदारघाटी में मौजूद सभी श्रद्धालुओं की सुरक्षा और ठहरने की व्यवस्था को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए। आयुक्त ने स्पष्ट किया कि जैसे ही मौसम की स्थिति सामान्य और अनुकूल होगी, बाबा केदारनाथ की यात्रा को सुचारू रूप से पुनः संचालित कर दिया जाएगा। तब तक के लिए यात्रियों को सुरक्षित स्थानों और पड़ावों पर ही रोकने की व्यवस्था की जा रही है।
प्रशासन की अपील: मौसम का अपडेट देखकर ही घर से निकलें यात्री
इस बीच, चारधाम यात्रा पर आ रहे और विभिन्न पड़ावों पर रुके श्रद्धालुओं से जिला प्रशासन और पुलिस ने विशेष अपील की है। यात्रियों से कहा गया है कि वे यात्रा मार्ग पर आगे बढ़ने या अपने घरों से निकलने से पूर्व मौसम विभाग (IMD) द्वारा जारी ताजा बुलेटिन और प्रशासनिक अपडेट अवश्य प्राप्त कर लें। किसी भी अप्रिय स्थिति से बचने के लिए प्रशासन द्वारा समय-समय पर जारी किए जा रहे दिशा-निर्देशों (Guidelines) का पूरी तरह पालन करें।
पड़ावों पर मुस्तैद है प्रशासन
केदारनाथ धाम और पैदल मार्ग पर यात्रियों की सुविधा, भोजन, और चिकित्सा सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए एसडीआरएफ (SDRF), स्थानीय पुलिस और स्वास्थ्य विभाग की टीमों को हाई अलर्ट पर रखा गया है। विभिन्न पड़ावों पर फंसे यात्रियों को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए प्रशासनिक अधिकारी लगातार धरातल पर मॉनिटरिंग कर रहे हैं।