बेरीनाग। नगरपालिका बेरीनाग द्वारा बेरीनाग-उडियारी बैंड मोटर मार्ग पर बाचूर में प्रस्तावित डम्पिंग जोन की भूमि को लेकर नौ गांव ईग्यारपाली क्षेत्र के ग्रामीणों का विरोध लगातार जारी है। सोमवार को प्रस्तावित भूमि का संयुक्त निरीक्षण करने पहुंची टीम को ग्रामीणों के भारी विरोध का सामना करना पड़ा। ग्रामीणों के आक्रोश को देखते हुए टीम को बिना निरीक्षण किए बैरंग लौटना पड़ा।
बताया गया कि संयुक्त टीम के भूमि निरीक्षण के लिए पहुंचने की जानकारी मिलते ही उडियारी, कांडे, जगथली, बैठोली, जाख रावत, किरौली, कालेटी, चौकोड़ी सहित विभिन्न गांवों के बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंच गए। ग्रामीणों ने संयुक्त निरीक्षण का विरोध करते हुए प्रशासन के खिलाफ नाराजगी जताई।
ग्रामीणों का कहना है कि पूर्व में जिलाधिकारी और स्थानीय अधिकारियों को ज्ञापन देकर इस भूमि पर डम्पिंग जोन नहीं बनाए जाने की मांग की गई थी। इसके बावजूद प्रशासन द्वारा इसी भूमि पर डम्पिंग जोन बनाने की कार्रवाई की जा रही है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि डम्पिंग जोन का नाम बदलकर एमआरएफ सेंटर कर उन्हें भ्रमित किया जा रहा है।
पूर्व ग्राम प्रधान राजन राम और सरपंच संजय महरा ने कहा कि किसी भी हालत में यहां डम्पिंग जोन या एमआरएफ सेंटर नहीं बनने दिया जाएगा। इस दौरान ग्रामीणों ने प्रशासन, सरकार और स्थानीय जनप्रतिनिधियों के खिलाफ नारेबाजी करते हुए प्रदर्शन किया।
ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द प्रस्तावित डम्पिंग जोन को यहां से निरस्त नहीं किया गया तो स्थानीय विधायक और भाजपा के जनप्रतिनिधियों के आवास पर कूड़ा डालकर विरोध जताया जाएगा। इसके साथ ही जनप्रतिनिधियों का घेराव कर उग्र आंदोलन और धरना-प्रदर्शन शुरू किया जाएगा। ग्रामीणों ने कहा कि जब तक प्रस्तावित डम्पिंग जोन निरस्त नहीं किया जाता, उनका आंदोलन जारी रहेगा।
प्रदर्शन में जिला पंचायत सदस्य लक्ष्मण कार्की, कांडे वन सरपंच भरत सिंह बोरा, उडियारी सरपंच संजय महरा, पूर्व प्रधान राजन राम, प्रधान पंकज राम, मोहित महरा, दीपक बोरा, रवि बोरा, दीपक महरा, युवक मंगल दल अध्यक्ष योगेश महरा, हिमांशु महरा, लोकमान कार्की, नंदन महरा, उमेद सिंह, राजेंद्र महरा, तरुण महरा, मनीष शाह, नीरज शाह, महिपाल महरा, कमलेश महरा, मुकुल महरा, हरीश सिंह बोरा, मोहित मेहता, खड़क रावत सहित अन्य ग्रामीण मौजूद रहे।
प्रशासन ने कहा—अन्य कार्यों के लिए भूमि का निरीक्षण
तहसीलदार बेरीनाग दयाल चंद मिश्रा ने बताया कि नगरपालिका को वहां अन्य विभिन्न कार्यों के लिए भूमि की आवश्यकता है, जिसके लिए संयुक्त निरीक्षण किया जा रहा था।
नगरपालिका की ईओ मिनाक्षी बरदोला ने बताया कि नगरपालिका द्वारा एमआरएफ सेंटर के लिए भूमि चयनित की गई है। नियमों के तहत एमआरएफ सेंटर बनाया जाएगा। उन्होंने बताया कि पूर्व में भी एक बार संयुक्त निरीक्षण किया जा चुका है और अभी दोबारा संयुक्त निरीक्षण किया जा रहा है।
9 सितंबर तक भूमि निरस्त नहीं हुई तो क्षेत्र पंचायत बैठक में धरना
ग्राम प्रधानों ने भी आंदोलन की चेतावनी दी है। ग्राम प्रधान कांडे मनीषा देवी, ग्राम प्रधान उडियारी हेमा देवी, ग्राम प्रधान बैठोली पवन कुमार, ग्राम प्रधान शाहगराऊं प्रेम सिंह नेगी, ग्राम प्रधान गराऊ दीप पंत और ग्राम प्रधान जगथली ने कहा कि यदि 9 सितंबर तक डम्पिंग जोन के लिए चयनित भूमि निरस्त नहीं की गई तो नौ गांव ईग्यारपाली क्षेत्र के सभी ग्राम प्रधान और क्षेत्र पंचायत सदस्य क्षेत्र पंचायत की बैठक में धरने पर बैठेंगे और विरोध प्रदर्शन करेंगे।