डॉ. चिन्मय पण्ड्या ने किया स्वागत, शैलदीदी से मुलाकात कर लिया आशीर्वाद और मार्गदर्शन
हरिद्वार। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी मंगलवार को अखिल विश्व गायत्री परिवार के मुख्यालय शांतिकुंज पहुंचे। देव संस्कृति विश्वविद्यालय के उपाध्यक्ष एवं अखिल विश्व गायत्री परिवार के युवा प्रतिनिधि डॉ. चिन्मय पण्ड्या ने पुष्पगुच्छ भेंटकर मुख्यमंत्री का स्वागत किया। इसके बाद मुख्यमंत्री ने देव संस्कृति विश्वविद्यालय परिसर में आयोजित यज्ञीय कार्यक्रम में सहभागिता की और भगवान महाकाल एवं मां गायत्री से प्रदेश की सुख-शांति, समृद्धि एवं सर्वांगीण विकास की कामना की। शांतिकुंज की ओर से भी मुख्यमंत्री के यज्ञ में सहभागिता और लोकमंगल की कामना की पुष्टि की गई है।
मुख्यमंत्री धामी ने शांतिकुंज की अधिष्ठात्री श्रद्धेया शैलदीदी से आत्मीय भेंट कर उनका आशीर्वाद एवं मार्गदर्शन प्राप्त किया। इस दौरान शैलदीदी ने मुख्यमंत्री को युगऋषि पं. श्रीराम शर्मा आचार्य द्वारा रचित वांग्मय सहित साहित्य भेंटकर सम्मानित किया। मुलाकात के दौरान प्रदेश एवं समाज के कल्याण, आध्यात्मिक जागरण और सकारात्मक सामाजिक परिवर्तन के लिए अखिल विश्व गायत्री परिवार की ओर से किए जा रहे प्रयासों पर चर्चा हुई।

संवाद के दौरान समाज में संस्कार, सेवा, सद्भाव और नैतिक मूल्यों को मजबूत करने के साथ युवाओं को रचनात्मक दिशा देने वाले विभिन्न अभियानों पर भी विचार-विमर्श हुआ। अखिल विश्व गायत्री परिवार की ओर से समाज में सकारात्मक परिवर्तन और जनकल्याण के लिए संचालित गतिविधियों को लेकर भी चर्चा की गई।

यज्ञीय वातावरण में वैदिक मंत्रोच्चार के बीच मुख्यमंत्री ने लोकमंगल एवं जनकल्याण की कामना की। इस अवसर पर डॉ. चिन्मय पण्ड्या ने कहा कि भारतीय संस्कृति की लोकमंगलकारी परंपरा व्यक्ति से लेकर समाज और राष्ट्र तक के कल्याण की भावना को मजबूत करती है। उन्होंने कहा कि आध्यात्मिक चेतना, सेवा और संस्कारों के माध्यम से समाज में सकारात्मक परिवर्तन के लिए सामूहिक प्रयास आवश्यक हैं।
डॉ. चिन्मय पण्ड्या ने कहा कि युवाओं को रचनात्मक दिशा देने और समाज में सेवा एवं संस्कार की भावना को मजबूत करने के लिए विभिन्न स्तरों पर निरंतर प्रयास किए जाने की आवश्यकता है।

इस अवसर पर शांतिकुंज व्यवस्थापक योगेन्द्र गिरि, महिला मंडल की अध्यक्षा शैफाली पण्ड्या सहित जिला प्रशासन के अधिकारी एवं अन्य गणमान्य लोग मौजूद रहे।