कौशाम्बी | उत्तर प्रदेश के कौशाम्बी जिले के मंझनपुर स्थित ‘वन स्टॉप सेंटर’ से एक दुखद घटना सामने आई है। यहाँ आश्रय ले रही एक 17 वर्षीय किशोरी की संदिग्ध परिस्थितियों में मृत्यु हो गई है। महिलाओं की सुरक्षा और सहायता के लिए बनाए गए इस केंद्र में हुई इस घटना ने स्थानीय प्रशासन और सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
परिजनों द्वारा घर ले जाने से इनकार की चर्चा
सूत्रों के अनुसार, किशोरी करारी थाना क्षेत्र की निवासी थी। कुछ समय पूर्व हुई एक घटना के बाद पुलिस ने उसे बरामद कर सुरक्षित रखने के उद्देश्य से इस सेंटर में पहुँचाया था। बताया जा रहा है कि किशोरी के परिजनों को सूचित किया गया था, परंतु उनके द्वारा उसे अपनाने में असमर्थता जताने के बाद वह मानसिक तनाव में थी।
जांच में जुटा पुलिस प्रशासन
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और उच्चाधिकारी मौके पर पहुँच गए। अधिकारियों द्वारा इस बात की गहनता से जांच की जा रही है कि केंद्र में रहने वाली किशोरियों की निगरानी और उनकी काउंसलिंग में क्या कोई कमी रह गई थी। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की निष्पक्ष जांच का आश्वासन दिया है।
सुरक्षा और देखरेख पर ध्यान देने की आवश्यकता
इस घटना ने वन स्टॉप सेंटर जैसे संवेदनशील स्थानों पर तैनात कर्मचारियों की जिम्मेदारी और वहाँ रहने वाली महिलाओं के मानसिक स्वास्थ्य की देखभाल की आवश्यकता को पुनः रेखांकित किया है। प्रशासन अब घटना के कारणों और परिस्थितियों का पता लगाने के लिए सेंटर के सीसीटीवी फुटेज और रिकॉर्ड खंगाल रहा है।