पीलीभीत। स्थानीय उपाधि महाविद्यालय में राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) की इकाई द्वारा आयोजित विशेष शिविर के दौरान बुधवार को साइबर क्राइम जागरूकता कार्यक्रम का प्रभावी आयोजन किया गया। डिजिटल युग में बढ़ते ऑनलाइन अपराधों के मद्देनजर विद्यार्थियों और स्वयंसेवकों को सतर्क करने के उद्देश्य से आयोजित इस कार्यक्रम में भारी संख्या में युवाओं ने प्रतिभाग किया। कार्यक्रम का कुशल संचालन डॉ. गजेंद्र सिंह द्वारा किया गया, जिन्होंने इंटरनेट के जिम्मेदारीपूर्ण उपयोग और सोशल मीडिया पर सावधानी बरतने पर विशेष जोर दिया।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित सुनगढ़ी थाने की उप निरीक्षक भाविका सिंह ने छात्र-छात्राओं को साइबर अपराध के विभिन्न स्वरूपों जैसे ऑनलाइन ठगी, फिशिंग, सोशल मीडिया हैकिंग और ओटीपी फ्रॉड के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने स्वयंसेवकों को महत्वपूर्ण सुझाव देते हुए कहा कि अनजान लिंक पर क्लिक न करें और अपना व्यक्तिगत डेटा किसी अज्ञात व्यक्ति के साथ साझा न करें। उप निरीक्षक ने स्पष्ट किया कि छोटी-छोटी सावधानियां और डिजिटल साक्षरता ही साइबर ठगी से बचने का सबसे सशक्त माध्यम है।
इस अवसर पर साइबर सेल के अन्य विशेषज्ञों ने भी विद्यार्थियों की जिज्ञासाओं का समाधान किया और उनके द्वारा पूछे गए तकनीकी सवालों के विस्तार से उत्तर दिए। कार्यक्रम के अंत में प्राचार्य के प्रेरक उद्बोधन के साथ सभी अतिथियों का आभार व्यक्त किया गया। शिविर में उपस्थित अमन राठौर, उदय कुमार, सागर, राहुल, राजकुमार सहित दर्जनों स्वयंसेवकों ने संकल्प लिया कि वे न केवल स्वयं सतर्क रहेंगे, बल्कि समाज के अन्य वर्गों को भी साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूक करेंगे।