क्या चारधाम यात्रा पर आने वाले करोड़ों श्रद्धालुओं के लिए केदारनाथ और बद्रीनाथ धाम का स्वरूप पूरी तरह बदलने वाला है? उत्तराखंड के मुख्य सचिव श्री आनंद बर्द्धन ने सचिवालय में कदारनाथ पुनर्निर्माण और बद्रीनाथ मास्टर प्लान के तहत चल रहे विकास कार्यों की कमान खुद संभाल ली है। उन्होंने हर एक प्रोजेक्ट की जमीनी और वित्तीय हकीकत की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को अल्टीमेटम दे दिया है कि तय समयसीमा के भीतर ही सारे काम पूरे किए जाएं।
कूड़ा प्रबंधन पर सख्त निर्देश ।
मुख्य सचिव ने केदारनाथ धाम में 6 नए ब्लॉक्स का काम तुरंत शुरू करने का आदेश दिया। सबसे बड़ा निर्देश उन्होंने रुद्रप्रयाग के जिलाधिकारी को दिया है, जिसके तहत केदारनाथ धाम यात्रा क्षेत्र के लिए एक बेहद मजबूत और एकीकृत कूड़ा प्रबंधन योजना (Waste Management Plan) तैयार की जाएगी, ताकि यात्रा के दौरान गंदगी की समस्या को जड़ से खत्म किया जा सके। सरकार ने इसके लिए हर तरह की वित्तीय और तकनीकी मदद का भरोसा दिया है।
बद्रीनाथ मास्टर प्लान में आएगी तेजी ।
बद्रीनाथ मास्टर प्लान के पहले और दूसरे फेज की समीक्षा करते हुए मुख्य सचिव ने साफ किया कि निर्माण के साथ-साथ प्रोजेक्ट से जुड़े आर्ट वर्क और कंटेंट के काम भी तुरंत शुरू किए जाएं। इसके साथ ही उन्होंने दोनों धामों के जिलाधिकारियों को निर्देश दिया कि जो भी नई सुविधाएं और संपत्तियां बनाई जा रही हैं, उनके ऑपरेशन और मेंटेनेंस (Operation and Maintenance) के लिए अभी से एक फ्रेमवर्क तैयार कर लें, ताकि काम पूरा होते ही जिम्मेदारी तय की जा सके। बैठक में सचिव धीराज गर्ब्याल और अपर सचिव विनीत कुमार सहित दोनों जिलों के जिलाधिकारी मौजूद रहे।