आगरा: ताजनगरी में नकली दवाओं के अवैध कारोबार के खिलाफ औषधि विभाग ने एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। विभाग की टीम ने ‘श्री मेडिकल एजेंसी’ पर छापेमारी कर भारी मात्रा में संदिग्ध दवाएं बरामद की हैं। शुरुआती जांच में सामने आया है कि ये दवाएं मुंबई की एक फर्म से बिना बिल के खरीदी जा रही थीं और उन्हें लखनऊ, कानपुर समेत प्रदेश के कई जिलों में अवैध तरीके से खपाया जा रहा था।
ओक्सालजिन और सेटिजन समेत कई सैंपल सीज
छापेमारी के दौरान औषधि विभाग की टीम ने ओक्सालजिन डीपी (Oxalgin DP) के चार सैंपल सीज किए हैं। इसके अलावा सेटिजन (Setिजन) और प्रीमोल्ट एन (Premolt N) जैसी दवाओं के भी नमूने लिए गए हैं। ये दवाएं मुख्य रूप से पेट दर्द, एलर्जी और हड्डी रोगों के इलाज में इस्तेमाल की जाती हैं। शक है कि ये दवाएं नकली हैं या मानकों पर खरी नहीं उतरतीं।
दस्तावेज नहीं दिखा सकी एजेंसी, खरीद-बिक्री पर रोक
विभागीय अधिकारियों के मुताबिक, छापेमारी के दौरान श्री मेडिकल एजेंसी का संचालक दवाओं की खरीद-बिक्री से संबंधित कोई भी वैध दस्तावेज या बिल पेश नहीं कर सका। फिलहाल दवाओं के सैंपल्स को लैब जांच के लिए भेज दिया गया है और एजेंसी द्वारा इन दवाओं की बिक्री और नई खरीद पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी गई है। जांच रिपोर्ट आने के बाद संचालक के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लाइसेंस निरस्त करने की कार्रवाई की जाएगी।