सितारगंज। अखिल भारतीय किसान सभा ने किसानों की विभिन्न समस्याओं पर विस्तृत चर्चा को लेकर एक सभा का आयोजन किया। सभा में निकले निष्कर्ष के आधार पर किसानों ने सीएम धामी को संबोधित ज्ञापन एसडीएम को ज्ञापन सौंपा। इस दौरान किसानों ने उनकी समस्याओं का शीघ्र समाधान कराने की मांग की।
सोमवार को दिए ज्ञापन में किसान सभा ने आरोप लगाया कि धान खरीद नीति के कारण किसानों का शोषण हो रहा है। इस नीति से प्रदेश के किसानों को प्रतिवर्ष करीब तीन से चार हजार करोड़ रुपये का नुकसान उठाना पड़ रहा है। उन्होंने धान खरीद व्यवस्था में बदलाव कर किसानों को उचित मूल्य दिलाने की मांग की।
किसान सभा ने मांग की कि कच्चें आढ़तियों, यूसीएफ व अन्य सहकारी केंद्रों से धान खरीद बंद कर पहले की तरह केवल आरएफसी के माध्यम से धान खरीद कराई जाए। आरोप लगाया कि कच्चे आढ़ती और सहकारिता धान क्रय केंद्र किसानों का शोषण करती है। इससे किसानों को उनकी फसल का करीब 30 से 40 फ़ीसदी कम दाम मिल रहा है। किसान सभा ने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने किसानों की जायज मांगों पर समय रहते कार्रवाई नहीं की तो प्रदेशभर के किसान व्यापक आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे। वहां डा. जगदेव सिंह , बलवंत बोरा, सुमित हालदार, पप्पू सहित अन्य उपस्थित रहें।