नई दिल्ली। साल 2020 में उत्तर-पूर्वी दिल्ली में हुए भीषण सांप्रदायिक दंगों के दौरान इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB) के युवा अधिकारी अंकित शर्मा की नृशंस हत्या के मामले में दिल्ली की एक विशेष अदालत ने ऐतिहासिक और बड़ा फैसला सुनाया है। दिल्ली की कड़कड़डूमा अदालत के अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश प्रवीण सिंह ने मामले की लंबी न्यायिक प्रक्रिया और सबूतों के मूल्यांकन के बाद आम आदमी पार्टी (AAP) के पूर्व निगम पार्षद ताहिर हुसैन और चार अन्य सह-आरोपियों को दोषी करार दे दिया है। अदालत ने इस संवेदनशील हत्याकांड में कुल 11 नामजद आरोपियों के खिलाफ अभियोजन पक्ष के गवाहों और साक्ष्यों को सुना, जिसके बाद अदालत ने ताहिर हुसैन को दंगा भड़काने, आपराधिक बल का प्रयोग करने, भीड़ को हथियार सप्लाई करने और अंकित शर्मा की हत्या की आपराधिक साजिश रचने के गंभीर मामलों में पूरी तरह कसूरवार ठहराया है।
यह हाई-प्रोफाइल मामला मृतक आईबी अधिकारी अंकित शर्मा के पिता रविंदर कुमार द्वारा उत्तर-पूर्वी दिल्ली के दयालपुर पुलिस स्टेशन में दर्ज कराई गई एफआईआर से जुड़ा है। दंगों के दौरान अंकित शर्मा का शव दयालपुर इलाके के एक नाले से बेहद क्षत-विक्षत हालत में बरामद हुआ था, जिसके बाद दिल्ली पुलिस की एसआईटी (SIT) ने गहन जांच कर मुख्य साजिशकर्ता के रूप में ताहिर हुसैन के घर की छत से भारी मात्रा में पत्थर, पेट्रोल बम और तेजाब की बोतलें बरामद की थीं। इस खौफनाक वारदात में नाम आने और पुलिस द्वारा मुख्य आरोपी बनाए जाने के बाद चौतरफा राजनीतिक दबाव के चलते आम आदमी पार्टी ने तत्कालीन पार्षद ताहिर हुसैन को पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया था।
स्मरण रहे कि फरवरी 2020 में नागरिकता संशोधन कानून (CAA) के विरोध के नाम पर भड़के इन भयावह दंगों में कम से कम 53 लोगों की जान चली गई थी, जबकि 200 से अधिक लोग गंभीर रूप से घायल हुए थे और बड़े पैमाने पर आगजनी के कारण करोड़ों रुपये की निजी व सरकारी संपत्ति स्वाहा हो गई थी। इसी दंगे से जुड़े एक अन्य मुख्य मामले में कड़कड़डूमा कोर्ट ने मार्च 2023 में ही ताहिर हुसैन और उसके 10 अन्य करीबियों के खिलाफ दंगे की साजिश रचने के तहत कानूनी आरोप तय कर दिए थे। कोर्ट के वरिष्ठ अधिकारियों के अनुसार, दोषियों को ठहराए जाने के इस ऐतिहासिक फैसले के बाद अब अभियोजन और बचाव पक्ष के बीच सजा की अवधि (Quantum of Punishment) को लेकर अंतिम बहस होगी, जिसके तुरंत बाद कोर्ट ताहिर हुसैन समेत सभी पांचों दोषियों को उम्रकैद या कठोरतम सजा का ऐलान करेगी।