रुद्रपुर। कोतवाली रुद्रपुर क्षेत्र में हुए गैंगरेप मामले में फरार चल रहे तीन आरोपियों को पुलिस ने सोमवार देर रात मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के अनुसार मुठभेड़ के दौरान पुलिस टीम पर कथित रूप से फायरिंग करने वाले एक आरोपी के पैर में गोली लगी, जिसे उपचार के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
पुलिस के मुताबिक, दो दिन पहले रात में भूरारानी गेट के पास तीन युवकों ने सिडकुल की एक कंपनी में कार्यरत युवती और उसके साथी का कथित रूप से अपहरण कर लिया था। आरोप है कि कुछ दूरी पर युवती के साथी को धमकाकर छोड़ दिया गया, जबकि युवती को गदरपुर की ओर एक अज्ञात स्थान पर ले जाकर तीनों आरोपियों ने उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म किया। अगले दिन सुबह युवती ओमैक्स के पीछे निर्माणाधीन अंडरपास के पास गंभीर अवस्था में मिली।
घटना को गंभीरता से लेते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय गणपति के निर्देश पर आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए विशेष पुलिस टीमों का गठन किया गया। पुलिस लगातार संभावित ठिकानों पर दबिश, सुरागरसी और सघन चेकिंग अभियान चला रही थी।
पुलिस के अनुसार, 27 जुलाई की देर रात बगवाड़ा चौकी क्षेत्र में चेकिंग के दौरान मोटरसाइकिल सवार तीन संदिग्ध युवकों को रोकने का प्रयास किया गया। आरोप है कि पुलिस को देखकर तीनों भागने लगे और घेराबंदी किए जाने पर पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी। पुलिस का कहना है कि आत्मरक्षा में की गई जवाबी कार्रवाई में गुरबाज उर्फ मानु (23) पुत्र प्रीतम सिंह निवासी ग्राम कलकत्ती, थाना गदरपुर के पैर में गोली लगी। घायल आरोपी को पुलिस अभिरक्षा में जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसका उपचार जारी है।

गिरफ्तार आरोपियों की पहचान गुरबाज उर्फ मानु (23) पुत्र प्रीतम सिंह निवासी ग्राम कलकत्ती, थाना गदरपुर (ऊधमसिंहनगर), जोगा सिंह (24) पुत्र रंजीत सिंह निवासी ग्राम अज्जूवाला, थाना मिलक खानम, जनपद रामपुर (उत्तर प्रदेश) तथा रविन्दर (19) पुत्र फुम्मन सिंह निवासी ग्राम अज्जूवाला, थाना मिलक खानम, जनपद रामपुर (उत्तर प्रदेश) के रूप में हुई है।
पुलिस ने दावा किया है कि आरोपियों के कब्जे से अवैध तमंचे, जिंदा कारतूस तथा घटना से जुड़े अन्य महत्वपूर्ण साक्ष्य बरामद किए गए हैं। बरामदगी के आधार पर संबंधित धाराओं में अग्रिम वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।
घटना की जानकारी मिलने के बाद वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय गणपति स्वयं जिला अस्पताल पहुंचे और घायल आरोपी से पूछताछ कर मामले की जानकारी ली। पुलिस मामले की विवेचना और अन्य साक्ष्यों के संकलन में जुटी हुई है।