पीलीभीत। जिले के प्रभारी मंत्री तथा राज्य मंत्री (कृषि, कृषि शिक्षा एवं अनुसंधान) बलदेव सिंह औलख की अध्यक्षता में रविवार को निरीक्षण भवन, पीलीभीत में बाढ़ एवं कटान नियंत्रण को लेकर समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में शारदा व देवहा नदी से प्रभावित क्षेत्रों और संचालित परियोजनाओं की गहन समीक्षा की गई। अधिकारियों ने बताया कि जिले में स्वीकृत 11 परियोजनाओं के कार्य समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूरे किए जा चुके हैं, जो कटान रोकने में प्रभावी साबित हो रहे हैं। वहीं, नहरोसा, नौजल्हा नकटाह, खिरकिया, बरगदिया और नावकुण्ड जैसे बिना अनुमोदित परियोजनाओं वाले संवेदनशील क्षेत्रों में अनुरक्षण मद से आवश्यक सुरक्षात्मक कार्य कराए गए हैं।
बैठक के दौरान भाजपा पदाधिकारियों ने नौजल्हा नकटाह एवं चंदिया हजारा में हो रहे नदी कटान का मुद्दा उठाया, जिस पर प्रभारी मंत्री ने तुरंत कटान निरोधक कार्य शुरू करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जन-धन की सुरक्षा शासन की प्राथमिकताओं में शामिल है और इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। प्रभारी मंत्री ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि जिले के सभी संवेदनशील स्थलों को चिह्नित कर उनकी प्राथमिकता के आधार पर योजनाएं तैयार की जाएं और शासन को समय से प्रस्ताव भेजे जाएं ताकि स्थायी समाधान हो सके।

इस महत्वपूर्ण बैठक में जिलाधिकारी ज्ञानेंद्र सिंह, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सुकीर्ति माधव मिश्रा, जिलाध्यक्ष गोकुल प्रसाद मौर्य, मुख्य विकास अधिकारी सतीश प्रसाद मिश्र, अपर जिलाधिकारी प्रसून द्विवेदी, अधिशासी अभियंता सिंचाई विभाग और समस्त उपजिलाधिकारी सहित संबंधित विभागीय अधिकारी मुख्य रूप से उपस्थित रहे।