आगरा। उत्तर प्रदेश के आगरा में पुलिस ने ‘राज चौहान हत्याकांड’ के मुख्य आरोपियों के साथ हुई मुठभेड़ में बड़ी सफलता हासिल की है। 23 जनवरी की रात को राज चौहान की बेरहमी से हत्या करने वाला मुख्य शूटर अरबाज खान उर्फ मंसूरी पुलिस के साथ हुई जवाबी फायरिंग में मारा गया है। वहीं, दो इनामी बदमाश मोहित पंडित और आशू पुलिस की गोली लगने से घायल हुए हैं।
पूरा घटनाक्रम: कैसे हुई मुठभेड़?
DCP सिटी, आगरा के अनुसार, पुलिस की टीमें राज चौहान हत्याकांड के बाद से ही लगातार आरोपियों के मोबाइल लोकेशन और मुखबिरों के जरिए उनका पीछा कर रही थीं। गुरुवार तड़के पुलिस को सूचना मिली कि आरोपी शहर छोड़ने की फिराक में हैं।
- घेराबंदी: पुलिस ने बदमाशों की लोकेशन ट्रेस कर उन्हें घेरा। खुद को घिरा देख बदमाशों ने पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी।
- मुख्य आरोपी का अंत: जवाबी कार्रवाई में मुख्य आरोपी अरबाज खान गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसे अस्पताल ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
- इनामी बदमाश गिरफ्तार: मुठभेड़ में मोहित पंडित और आशू भी घायल हुए हैं। इन दोनों पर पुलिस ने 25-25 हजार रुपये का इनाम घोषित कर रखा था।
क्या था राज चौहान हत्याकांड?
आज से 6 दिन पहले (23 जनवरी) आगरा के ट्रांस यमुना इलाके के एक होटल में शराब पार्टी के दौरान मामूली विवाद हुआ था। इसी विवाद में अरबाज और उसके साथियों ने राज चौहान की गोली मारकर हत्या कर दी थी। यह घटना सीसीटीवी में कैद हो गई थी, जिसके बाद से ही आगरा पुलिस की 9 टीमें आरोपियों की तलाश में छापेमारी कर रही थीं।
पुलिस की प्रतिक्रिया:
आगरा पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों का कहना है कि इस मुठभेड़ में पुलिस के कुछ जवान भी मामूली रूप से चोटिल हुए हैं। पुलिस अब इस मामले में शामिल अन्य मददगारों और फरार साथियों की तलाश कर रही है।