नई टिहरी। कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की सभा स्थल के शुद्धिकरण को लेकर चल रहे विवाद के बीच भाजपा कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस पर मामले को जातीय रंग देने का आरोप लगाते हुए सामाजिक सौहार्द संकल्प धरना दिया। भाजपा नेताओं ने कहा कि नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी समेत कांग्रेस के नेता इस प्रकरण को जातीय मुद्दा बनाकर उत्तराखंड की छवि खराब करने और समाज में विभाजन पैदा करने का प्रयास कर रहे हैं।
सोमवार को भाजपा जिलाध्यक्ष उदय रावत की अध्यक्षता में कार्यकर्ताओं ने अंबेडकर पार्क में धरना दिया। इस दौरान कांग्रेस के खिलाफ नारेबाजी करते हुए भाजपा नेताओं ने कहा कि सभा स्थल का शुद्धिकरण करने वालों से भाजपा का कोई लेना-देना नहीं है। उन्होंने कहा कि इस मामले को राजनीतिक रूप देकर सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने का प्रयास नहीं किया जाना चाहिए।
भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष डॉ. स्वराज विद्वान ने आरोप लगाया कि रामलीला मैदान में धार्मिक आयोजन होते हैं। उनके अनुसार, कांग्रेस की सभा के दौरान वहां गंदगी की गई और कथित रूप से धार्मिक नारे लगाए गए, जिसके बाद धार्मिक संगठनों से जुड़े लोगों ने स्थल की सफाई और शुद्धिकरण किया। उन्होंने दावा किया कि इस दौरान दलित समाज के लोग भी शामिल थे।
डॉ. स्वराज विद्वान ने कहा कि कांग्रेस नेताओं द्वारा इस घटना को दलित समाज से जोड़कर प्रस्तुत किया जा रहा है, जिससे उत्तराखंड की सामाजिक छवि को नुकसान पहुंच रहा है। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड में सभी जाति और धर्म के लोग आपसी सामाजिक समरसता के साथ रहते हैं और राजनीतिक लाभ के लिए समाज को बांटने वाली बयानबाजी स्वीकार नहीं की जाएगी।
भाजपा नेताओं ने कहा कि शुद्धिकरण की घटना से पार्टी का कोई संबंध नहीं है और इस मुद्दे पर कांग्रेस द्वारा लगाए जा रहे आरोपों को राजनीतिक दृष्टि से देखा जाना चाहिए। उन्होंने सामाजिक सौहार्द बनाए रखने की अपील करते हुए कहा कि किसी भी घटना को जातीय संघर्ष का रूप नहीं दिया जाना चाहिए।
धरने में जिला पंचायत अध्यक्ष इशिता सजवाण, देवप्रयाग विधायक विनोद कंडारी, पुरोला के पूर्व विधायक मालचंद, टिहरी के पूर्व विधायक डॉ. धन सिंह नेगी, चंबा की प्रमुख सुमन सजवाण, पालिकाध्यक्ष शोभनी धनोला समेत बड़ी संख्या में भाजपा पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे। इस दौरान विनोद रतूड़ी, बलवंत रावत, जयेंद्र सेमवाल, विजय कठैत, संदीप सिंह, दिनेश भजनियाल, रामलाल नौटियाल, लीला मखलोगा, विमला खणका, उर्मिला राणा, सरस्वती नेगी, लक्ष्मी रावत, मीना सेमवाल, गुरु प्रसाद भट्ट, हर्ष लाल, सचिन कुमार, नरेंद्र कुंवर, शांति खंडूरी, राजेंद्र डोभाल, कीर्ति पंवार, तौफीक अहमद, अब्दुल अतिक, रिंकू राम, रमेश खरोला, विजयपाल कुमाईं, मानवेंद्र रावत, सतवीर नेगी, नरेश बलोदी, सोहनवीर सजवाण और पीडी नौटियाल सहित अन्य कार्यकर्ता उपस्थित रहे।