लखनऊ। उत्तर प्रदेश शासन के चिकित्सा शिक्षा विभाग ने प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्थाओं को और अधिक सुदृढ़, पारदर्शी और गतिशील बनाने के उद्देश्य से बड़ा प्रशासनिक फेरबदल किया है। शासन स्तर से मंगलवार को जारी की गई आधिकारिक अधिसूचना के अनुसार, राज्य के कई नवनिर्मित और प्रमुख राजकीय एलोपैथिक मेडिकल कॉलेजों में नियमित प्राचार्यों (प्रिंसिपल्स) की नई तैनाती कर दी गई है। चिकित्सा शिक्षा महानिदेशालय (DGME) की संस्तुति पर राज्यपाल की स्वीकृति के बाद प्रमुख सचिव द्वारा इस हाई-प्रोफाइल तबादला और तैनाती सूची को आधिकारिक रूप से जारी किया गया है, जिसके बाद संबंधित जनपदों के चिकित्सालयों और मेडिकल कॉलेजों में प्रशासनिक कसरत तेज हो गई है।
जारी की गई आधिकारिक विधिक सूची के मुख्य विवरण के अनुसार, वरिष्ठ चिकित्सा विशेषज्ञ डॉ. संगीता अनेजा को बुलंदशहर राजकीय मेडिकल कॉलेज के नए प्राचार्य पद की अत्यंत महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी गई है। वहीं, डॉ. ललित चौधरी को बिजनौर राजकीय मेडिकल कॉलेज का नया प्रधानाचार्य नियुक्त किया गया है, तथा महिला एवं बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. रीना शर्मा को अमेठी मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य पद की कमान सौंपी गई है। इसके समानांतर, कानपुर देहात स्थित राजकीय मेडिकल कॉलेज की प्रशासनिक व्यवस्था को मजबूत करने के लिए डॉ. अंबरीश गुप्ता को वहां का नया प्राचार्य नियुक्त किया गया है, जबकि पूर्वांचल अंचल के कुशीनगर राजकीय मेडिकल कॉलेज के प्रधानाचार्य पद पर डॉ. कन्हैया प्रसाद की नई और महत्वपूर्ण तैनाती की गई है।
सचिवालय के वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारियों ने बताया कि इन सभी नव-तैनात प्राचार्यों को तत्काल प्रभाव से अपने संबंधित जनपदों में पहुंचकर कार्यभार ग्रहण करने और उसकी आधिकारिक रिपोर्ट शासन को प्रेषित करने के कड़े निर्देश दिए गए हैं। शासन ने इन सभी शीर्ष अधिकारियों को हिदायत दी है कि वे अपने-अपने मेडिकल कॉलेजों और संबद्ध जिला अस्पतालों के भीतर ओपीडी (OPD) सेवाओं को दुरुस्त करें, चिकित्सा उपकरणों के रख-रखाव को पारदर्शी बनाएं, तथा नेशनल मेडिकल कमिशन (NMC) के वैश्विक मानकों के अनुरूप छात्र-छात्राओं के शैक्षणिक सत्रों को नियमित करना सुनिश्चित करें। इस बड़े फेरबदल का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण और उप-शहरी क्षेत्रों के सरकारी मेडिकल कॉलेजों में प्रशासनिक अनुशासन को मजबूत करना है ताकि आम जनता को अत्याधुनिक सुपर-स्पेशियलिटी चिकित्सा सेवाएं स्थानीय स्तर पर ही सुलभ हो सकें।