लखनऊ। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के मोहनलालगंज थाना क्षेत्र से जालसाजी का एक बड़ा मामला सामने आया है। मोहनलालगंज पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए फर्जी दस्तावेजों (कूटरचित कागजातों) के सहारे एक मृतक व्यक्ति की बेशकीमती जमीन हड़पने की साजिश रचने वाले दो शातिर आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पकड़े गए आरोपियों की पहचान फुरकान अब्बासी और अभिषेक यादव के रूप में हुई है।
मृतक के नाम पर बनाई फर्जी आईडी और दस्तावेज
पुलिस की शुरुआती जांच और विवेचना में यह बात सामने आई है कि दोनों आरोपियों ने सोची-समझी साजिश के तहत एक मृत व्यक्ति की जमीन को अपने नाम कराने या बेचने के लिए फर्जी और जाली दस्तावेज तैयार किए थे। इस धोखाधड़ी की शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने गंभीरता से जांच शुरू की। तकनीकी और भौतिक साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने घेराबंदी कर दोनों नामजद आरोपियों को दबोच लिया।
गोसाईगंज थाने का हिस्ट्रीशीटर है फुरकान अब्बासी
पुलिस रिकॉर्ड खंगालने पर इस मामले में एक और बड़ा खुलासा हुआ है। गिरफ्तार किया गया मुख्य आरोपी फुरकान अब्बासी लखनऊ के गोसाईगंज थाना क्षेत्र का चिन्हित हिस्ट्रीशीटर है। उसके खिलाफ पहले से ही रंगदारी, धोखाधड़ी और जमीन पर अवैध कब्जे जैसे कई गंभीर आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस अब उसके पुराने आपराधिक इतिहास (क्रिमिनल हिस्ट्री) की विस्तृत कुंडली खंगाल रही है।
गैंग के अन्य सदस्यों पर भी होगी कार्रवाई
मोहनलालगंज पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी, फर्जी दस्तावेज बनाने और साजिश रचने से संबंधित गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर उन्हें जेल भेज दिया है। पुलिस के मुताबिक, इस जमीन घोटाले और जालसाजी के पीछे कुछ अन्य स्थानीय लोग या राजस्व विभाग से जुड़े संदिग्धों के शामिल होने की आशंका है। पुलिस पूरे नेटवर्क की बारीकी से जांच कर रही है और संलिप्तता पाए जाने पर अन्य आरोपियों के खिलाफ भी कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।