​पीलीभीत। उत्तर प्रदेश शासन के निर्देशानुसार वित्तीय वर्ष 2026-27 के तहत जिले में बड़े पैमाने पर वृक्षारोपण कार्यक्रम आयोजित करने की तैयारियां तेज हो गई हैं। पूर्व में विश्व पर्यावरण दिवस (05 जून) के अवसर पर “एक पेड़ मां के नाम” अभियान के तहत दिए गए दिशा-निर्देशों के बाद, अब मुख्यमंत्री के निर्देशानुसार जुलाई माह में एक वृहद वृक्षारोपण कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है। इस राज्य स्तरीय अभियान के तहत पूरे प्रदेश में 35 करोड़ पौधों के रोपण का महा-लक्ष्य रखा गया है, जिसके अनुपालन में जिलाधिकारी एवं जिला वृक्षारोपण समिति के अध्यक्ष ज्ञानेन्द्र सिंह द्वारा पीलीभीत जिले के लिए सभी संबंधित विभागों के संशोधित लक्ष्यों का निर्धारण कर दिया गया है।
​जिलाधिकारी ज्ञानेंद्र सिंह के अनुसार, जनपद पीलीभीत में इस बार विभिन्न सरकारी विभागों को मिलाकर कुल 40,02,700 (चालीस लाख दो हजार सात सौ) पौधों के रोपण का कुल संशोधित लक्ष्य प्राप्त हुआ है। इस वृहद अभियान में सबसे बड़ी जिम्मेदारी ग्राम्य विकास विभाग को सौंपी गई है, जिसे सर्वाधिक 20,57,000 पौधों के रोपण का कुल लक्ष्य दिया गया है। इसके बाद कृषि विभाग को 6,23,000 पौधे, उद्यान विभाग को 3,17,000 पौधे और पंचायती राज विभाग को 2,25,000 पौधों के रोपण की जिम्मेदारी दी गई है। पर्यावरण विभाग और वन विभाग को क्रमशः 1,24,000 तथा 1,19,000 पौधों का कुल लक्ष्य आवंटित किया गया है। इनके अलावा राजस्व, नगर विकास, लोक निर्माण, शिक्षा, स्वास्थ्य, रेलवे और रक्षा समेत कुल 28 विभागों को इस हरित अभियान में सक्रिय भूमिका निभाने के लिए निर्देशित किया गया है।
​इस महा-अभियान के सफल क्रियान्वयन को लेकर वन एवं वन्य जीव प्रभाग, पीलीभीत के प्रभागीय निदेशक भारत कुमार डीके ने जानकारी देते हुए बताया कि सभी विभागों को दिए गए लक्ष्यों को समय से पूरा करने के लिए रूपरेखा तैयार कर ली गई है। जिलाधिकारी के निर्देशानुसार, सभी विभागों को अपने निर्धारित लक्ष्य के सापेक्ष चयनित स्थलों की सटीक सूचना, अग्रिम मृदा कार्य (गड्ढा खुदाई) तथा अपनी विस्तृत कार्ययोजना प्रभागीय निदेशक कार्यालय में स्थापित वृक्षारोपण कंट्रोल रूम के ईमेल या आधिकारिक ह्वाट्सएप नंबर पर तत्काल उपलब्ध करानी होगी। प्रभागीय निदेशक भारत कुमार डीके ने स्पष्ट किया कि समयबद्धता और पौधों की उत्तरजीविता सुनिश्चित करने के लिए कंट्रोल रूम के माध्यम से कार्यों की निरंतर मॉनिटरिंग की जाएगी।

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