सितारगंज | उत्तराखंड के ऊधमसिंहनगर जनपद के अंतर्गत सितारगंज में रफ्तार का कहर थमने का नाम नहीं ले रहा है। यहाँ सिडकुल की एक निजी कंपनी में काम करने वाले एक कर्मचारी की सड़क हादसे में दर्दनाक मौत हो गई। युवक बीती 30 मई को अपनी ड्यूटी पूरी करने के बाद घर लौट रहा था, तभी रास्ते में एक अनियंत्रित ई-रिक्शा ने उसे अपनी चपेट में ले लिया। गंभीर रूप से घायल युवक ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया, जिसके बाद परिवार में कोहराम मचा हुआ है।
बमनपुरी तिराहे पर ई-रिक्शा ने मारी थी टक्कर
मूल रूप से बेनीगंज, हरदोई (उत्तर प्रदेश) के रहने वाले अंकित विश्वकर्मा ने स्थानीय थाने में मुकदमा दर्ज कराते हुए पूरी घटना की जानकारी दी है। अंकित के अनुसार, उनके जीजा विमलेश कुमार विश्वकर्मा वर्तमान में चिंतिमझरा (सितारगंज) के निवासी थे और वे सिडकुल स्थित ‘पंजाब बेवल गियर्स’ कंपनी में कार्यरत थे। बीती 30 मई को विमलेश सिडकुल से अपनी शिफ्ट खत्म करके वापस घर आ रहे थे। इसी दौरान रास्ते में बमनपुरी तिराहे के पास एक तेज रफ्तार ई-रिक्शा ने उन्हें जोरदार टक्कर मार दी।
हायर सेंटर रेफर होने के बाद तोड़ा दम
ई-रिक्शा की टक्कर इतनी भीषण थी कि विमलेश अनियंत्रित होकर पक्की सड़क पर गिर पड़े, जिससे उनके सिर और शरीर के अन्य हिस्सों में गंभीर चोटें आईं। स्थानीय लोगों की मदद से उन्हें तुरंत उप जिला अस्पताल, सितारगंज ले जाया गया। अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने उनकी नाजुक हालत को देखते हुए उन्हें हायर सेंटर (हल्द्वानी अस्पताल) के लिए रेफर कर दिया। विमलेश के साले अंकित ने बताया कि गंभीर रूप से चोटिल होने के कारण घटना वाली रात ही इलाज के दौरान विमलेश की सांसें थम गईं।
फरार ई-रिक्शा चालक पर मुकदमा दर्ज, जांच शुरू
विमलेश की असमय मौत की खबर मिलते ही जहां एक तरफ परिजनों में चीख-पुकार मच गई, वहीं सिडकुल कर्मचारियों में भी शोक की लहर दौड़ गई है। पीड़ित परिवार की लिखित तहरीर के आधार पर सितारगंज थाना पुलिस ने आरोपी ई-रिक्शा चालक के खिलाफ विभिन्न धाराओं में प्राथमिकी (FIR) दर्ज कर ली है।