लखनऊ। राजधानी लखनऊ में कानून व्यवस्था को चुनौती देने वाले और व्यापारियों व ठेकेदारों के लिए सिरदर्द बने ‘गुर्जर गैंग’ के खिलाफ गोसाईगंज थाना पुलिस ने एक बड़ी और निर्णायक कार्रवाई की है। पुलिस ने रंगदारी और अवैध वसूली के मामले में तत्परता दिखाते हुए गुर्जर गैंग के 9 सक्रिय सदस्यों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस की इस कार्रवाई से इलाके के अपराधियों में हड़कंप मच गया है।
मिली जानकारी के अनुसार, यह पूरा मामला गोसाईगंज थाना क्षेत्र का है, जहाँ गुर्जर गैंग के गुर्गों ने रंगदारी और अवैध वसूली को लेकर एक स्थानीय ठेकेदार के घर पर जबरन धावा बोल दिया था। दबंगों ने ठेकेदार के परिवार को डराया-धमकाया और मोटी रकम की मांग की थी। इस दुस्साहसिक वारदात के बाद पीड़ित ने तुरंत स्थानीय पुलिस से मदद गुहार लगाई, जिसे पुलिस प्रशासन ने बेहद गंभीरता से लिया।
नाबालिगों को आगे कर वारदातों को दे रहे थे अंजाम
एसएसपी और स्थानीय पुलिस अधिकारियों के निर्देश पर गोसाईगंज पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दबिश दी और गैंग के 9 सदस्यों को धर दबोचा। पुलिस की जांच में जो सबसे चौंकाने वाला और चिंताजनक खुलासा हुआ, वह यह है कि इस गैंग में बहुत बड़ी संख्या में नाबालिग (किशोर) लड़के शामिल हैं। शातिर अपराधी कानूनी कार्रवाई से बचने और पुलिस को चकमा देने के लिए इन नाबालिगों का इस्तेमाल अवैध वसूली और डराने-धमकाने के कामों में कर रहे थे।
गैंग के अन्य सदस्यों की तलाश में जुटी पुलिस
गोसाईगंज थाना प्रभारी ने बताया कि पकड़े गए आरोपियों के पास से वारदात में इस्तेमाल की गई चीजें बरामद की जा रही हैं। पुलिस इस गैंग के पूरे नेटवर्क और इनके आकाओं का पता लगाने में जुट गई है। पकड़े गए बालिग आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जेल भेजा जा रहा है, जबकि नाबालिगों को नियमानुसार बाल सुधार गृह भेजने की प्रक्रिया की जा रही है।
लखनऊ पुलिस ने साफ चेतावनी दी है कि राजधानी में किसी भी तरह के आपराधिक गैंग या रंगदारी वसूलने वालों को फलने-फूलने नहीं दिया जाएगा और ऐसे तत्वों के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत भी कठोर कार्रवाई की जाएगी।