पीलीभीत। थाना जहानाबाद पुलिस ने प्राथमिक विद्यालयों की रसोइयों से गैस सिलेंडर चोरी करने वाले गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए चार शातिर अभियुक्तों को गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की है। पुलिस टीम ने अभियुक्तों के कब्जे से चोरी किए गए 02 अदद गैस सिलेंडर (एक एचपी तथा एक इण्डेन कंपनी), एक अदद नाजायज चाकू और 1,500 रुपये नकद बरामद किए हैं। पकड़े गए सभी आरोपियों के खिलाफ विधिक कार्यवाही करते हुए उन्हें न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया जा रहा है।
यह पूरा मामला अमरिया विकास खंड क्षेत्र के अंतर्गत प्राथमिक विद्यालय ढकिया बदलू से जुड़ा है। विद्यालय की प्रधानाध्यापक श्रीमती अकीला बानो ने 31 जुलाई 2026 को थाना जहानाबाद में लिखित शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि 23 जुलाई 2026 की सुबह जब स्कूल का रसोईघर खोला गया, तो उसका ताला टूटा मिला और अंदर रखा भरा हुआ गैस सिलेंडर गायब था। प्रधानाध्यापक की तहरीर के आधार पर पुलिस ने अज्ञात चोरों के विरुद्ध मु0अ0सं0 286/26 धारा 305(ए) बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी।
मामले की जांच और सघन चेकिंग के दौरान पुलिस टीम ने चार संदिग्धों—शोएब, वीरू उर्फ वीरेन्द्र, तारिक और अब्दुल शाकिर को हिरासत में लिया। कड़ाई से पूछताछ करने पर शोएब और वीरू ने स्वीकार किया कि उन्होंने 22 जुलाई 2026 की रात ढकिया बदलू के सरकारी स्कूल का ताला तोड़कर भरा सिलेंडर चोरी किया था। इसके बाद उन्होंने चोरी का सामान खरीदने-बेचने का काम करने वाले अब्दुल शाकिर को यह सिलेंडर 1,500 रुपये में बेच दिया था। घटना के दिन तीनों आरोपी शाकिर से अपने पैसे (500-500 रुपये) आपस में बांटकर सिलेंडर को गन्ने के खेत में छिपाने जा रहे थे, तभी पुलिस ने उन्हें रंगे हाथों पकड़ लिया। अब्दुल शाकिर ने भी चोरी का सिलेंडर खरीदने और उसे छिपाने का जुर्म स्वीकार किया।
अभियुक्तों के पास से बरामदगी के आधार पर दर्ज मुकदमे में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 317(2), 317(4), 317(5) एवं 4/25 आर्म्स एक्ट की बढ़ोतरी की गई है। पकड़े गए आरोपियों में तारिक (35 वर्ष) पुत्र मुजम्मिल के खिलाफ पूर्व में NDPS एक्ट के दो मामले दर्ज हैं, शोएब (28 वर्ष) पुत्र शहीद के खिलाफ बहेड़ी थाने में आर्म्स एक्ट का मामला दर्ज है, जबकि वीरू उर्फ वीरेन्द्र (28 वर्ष) पुत्र हरज्ञान और अब्दुल शाकिर (52 वर्ष) पुत्र अब्दुल समद भी इस चोरी की घटना में नामजद हैं। इस सफल कार्रवाई को प्रभारी निरीक्षक जय शंकर सिंह, उप-निरीक्षक अमर कुमार, उप-निरीक्षक सुनील कुमार, हेड कॉन्स्टेबल रविकांत, हेड कॉन्स्टेबल सुरेश सिंह और कॉन्स्टेबल रोहित कुमार की पुलिस टीम ने अंजाम दिया।