सितारगंज। उधारी के तीन लाख रुपये वापस मांगने को लेकर उपजे विवाद ने सितारगंज में हिंसक रूप ले लिया। रुपये वापस मांगने पर आरोपी पक्ष ने पीड़ित परिवार के साथ गाली-गलौज और मारपीट की, जिससे सदमे में आकर पीड़ित व्यक्ति को मौके पर ही हार्ट अटैक आ गया। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, वार्ड नंबर 9 निवासी वरिंदर कौर ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि 21 जनवरी को उनके पति जसपाल सिंह ने नानकमत्ता निवासी रजदीप कौर को तीन लाख रुपये उधार दिए थे। काफी समय बीत जाने के बाद जब पीड़ित परिवार ने अपने रुपये वापस मांगे, तो आरोपी पक्ष पहले टाल-मटोल करता रहा और बाद में साफ मना कर दिया। विवाद तब बढ़ गया जब 4 जुलाई की रात को पीड़िता अपने पति और बेटे के साथ वार्ड नंबर 8 स्थित अपने एक रिश्तेदार के घर गई हुई थी। आरोप है कि इसी दौरान आरोपी रजदीप कौर, अपने पति गोविंद सिंह, बेटे जपलीन सिंह और 5-6 अन्य अज्ञात लोगों के साथ वहाँ धमक पड़ी। आरोपियों ने घर में घुसकर गाली-गलौज शुरू कर दी और विरोध करने पर मारपीट की।
इस हिंसक घटनाक्रम और हंगामे के बीच पीड़िता के पति जसपाल सिंह को अचानक दिल का दौरा (हार्ट अटैक) पड़ गया, जिससे हड़कंप मच गया। उन्हें तत्काल सितारगंज के एक निजी अस्पताल ले जाया गया, जहाँ से नाजुक हालत को देखते हुए रुद्रपुर के एक निजी अस्पताल में रेफर कर दिया गया। पीड़िता ने यह भी आरोप लगाया कि 5 और 6 जुलाई को उनके बेटे अमृत सिंह को दो अलग-अलग फोन नंबरों से जान से मारने की धमकियां भी दी गईं, जिसकी कॉल रिकॉर्डिंग पुलिस को सौंप दी गई है। इसके अलावा एक वीडियो साक्ष्य भी होने का दावा किया गया है, जिसमें आरोपी का बेटा कथित रूप से हथियार लहराते हुए उनके बेटे को ढूंढता नजर आ रहा है।
मामले की जानकारी देते हुए सीओ डीआर वर्मा ने बताया कि शिकायत के आधार पर मुकदमा पंजीकृत कर लिया गया है। तहरीर में लगाए गए सभी गंभीर आरोपों और उपलब्ध वीडियो-ऑडियो साक्ष्यों की बारीकी से जांच की जा रही है। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आरोपियों के खिलाफ सख्त वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।