वाराणसी। उत्तर प्रदेश के वाराणसी जनपद अंतर्गत रविवार को एक बेहद अनूठा और राजनीतिक सरगर्मी बढ़ाने वाला मामला प्रकाश में आया है। जनपद की सहकारी समितियों में खाद की कथित अनुपलब्धता, कालाबाजारी और किसानों को हो रही भारी असुविधाओं के खिलाफ समाजवादी पार्टी (सपा) ने एक अनोखा विरोध प्रदर्शन दर्ज कराया है। सपा के वरिष्ठ नेता हरीश मिश्रा पारंपरिक धोती-कुर्ता और जनेऊ धारण कर अर्धनग्न अवस्था में अपने दर्जनों कार्यकर्ताओं के साथ नारेबाजी करते हुए सीधे सिगरा पुलिस थाने पहुंचे। इस अप्रत्याशित सांगठनिक प्रदर्शन के चलते थाना परिसर और जीटी रोड के समीपवर्ती क्षेत्रों में भारी संख्या में राहगीरों की भीड़ एकत्रित हो गई।
खाद न मिलने का लगाया गंभीर आरोप, पुलिस को सौंपी लिखित तहरीर
प्राप्त जानकारी के अनुसार, समाजवादी पार्टी के नेताओं का आरोप है कि खरीफ/जायद की फसलों के इस महत्वपूर्ण समय में क्षेत्रीय सहकारी समितियों द्वारा किसानों को विधिक रूप से यूरिया और डीएपी (DAP) जैसी आवश्यक खादें उपलब्ध नहीं कराई जा रही हैं। किसान भीषण गर्मी और उमस के बीच सुबह से ही लंबी कतारों में लगने को विवश हैं, लेकिन उन्हें बैरंग वापस लौटना पड़ रहा है। इस प्रशासनिक विफलता और कथित लापरवाही के विरोध में सपा नेता हरीश मिश्रा ने सिगरा थाना प्रभारी को सहकारी समितियों के जिम्मेदार विधिक प्रबंधकों और अधिकारियों के खिलाफ एक लिखित तहरीर सौंपी। तहरीर में मांग की गई है कि अन्नदाताओं के अधिकारों का हनन करने और खाद की कृत्रिम किल्लत पैदा करने वाले दोषियों के विरुद्ध आवश्यक वस्तु अधिनियम और सुसंगत विधिक धाराओं के तहत तत्काल मुकदमा पंजीकृत किया जाए।