पीलीभीत। लखनऊ में वन मंत्री अरुण कुमार की अध्यक्षता में आयोजित पीलीभीत टाइगर फाउंडेशन की बैठक में पर्यटन और स्थानीय विकास से जुड़े कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए हैं। बैठक में आगामी पर्यटन सत्र के लिए वीकेंड पर देसी और विदेशी पर्यटकों के शुल्क में बढ़ोतरी करने के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई। अब वीकेंड पर भारतीय पर्यटकों के लिए शुल्क 150 रुपये से बढ़ाकर 200 रुपये तथा विदेशी पर्यटकों के लिए 800 रुपये से बढ़ाकर 1,000 रुपये कर दिया गया है। देसी पर्यटकों से बढ़ाई गई 50 रुपये की राशि में से 20 रुपये और विदेशी पर्यटकों की 200 रुपये की बढ़ोतरी में से 100 रुपये सीधे सामुदायिक विकास कार्यों पर खर्च किए जाएंगे। इसके अलावा बैठक में टाइगर रिजर्व की 50 प्रतिशत बुकिंग ऑनलाइन माध्यम से करने का भी निर्णय लिया गया है।
पर्यटन सुविधाओं और प्रशासनिक पारदर्शिता को ध्यान में रखते हुए बैठक में तय किया गया कि पर्यटकों को गाइड और टैक्सी की रसीद सीधे वाहन चालक या संबंधित व्यक्ति द्वारा ही प्रदान की जाएगी। साथ ही, थारू हट व चौका क्षेत्र में बनी पुरानी थारू झोपड़ियों के स्थान पर आधुनिक रेडीमेड कक्ष तैयार किए जाएंगे। कर्मचारियों के हित में बड़ा कदम उठाते हुए फाउंडेशन ने टाइगर रिजर्व के दैनिक वेतनभोगी कर्मचारियों और वाचरों के कल्याण के लिए 22 लाख रुपये के बजट का प्रावधान किया है। इस उच्चस्तरीय बैठक में उत्तर प्रदेश के प्रमुख वन संरक्षक सुनील चौधरी, प्रमुख वन संरक्षक (वन्यजीव) अनुराधा बेमूरी, पीलीभीत टाइगर रिजर्व के फील्ड डायरेक्टर पिनाकी प्रसाद सिंह और प्रभागीय वनाधिकारी मनीष सिंह समेत कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।